1999 के कारगिल युद्ध में कई भारतीय जांबाज़ों ने अपनी वीरता की असाधारण कहानियां लिखीं। ऐसी ही एक प्रेरक दास्तां है मेजर मनोज तलवार की, जिन्होंने महज़ 29 साल की उम्र में दे…
उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में 29 अगस्त 1969 को जन्मे मनोज तलवार एक सैन्य परंपरा वाले परिवार से आते थे। उनके पिता कैप्टन पी.एल. तलवार भी सेना में थे। बचपन से ही फौज के प्…
मेजर तलवार पढ़ाई में बेहद होनहार थे। उन्होंने एक साथ आर्म्ड फोर्सेज मेडिकल कॉलेज (AFMC) और नेशनल डिफेंस एकेडमी (NDA), दोनों की प्रवेश परीक्षा पास कर ली थी। वह चाहते तो एक…
कारगिल युद्ध से पहले भी मेजर तलवार अपनी बहादुरी का लोहा मनवा चुके थे। असम में 'ऑपरेशन राइनो' के दौरान उल्फा उग्रवादियों के खिलाफ शानदार नेतृत्व के लिए उन्हें 'सेना मेडल'…
जब मई 1999 में कारगिल की चोटियों पर घुसपैठ हुई, तो टुरटुक सब-सेक्टर में दुश्मनों को खदेड़ने के लिए एक विशेष अभियान बनाया गया। इस अभियान को उन्हीं के नाम पर 'ऑपरेशन तलवार'…
दुश्मन के मोर्टार और ग्रेनेड के छर्रों से बुरी तरह घायल होने के बावजूद वे रुके नहीं। उन्होंने एक जोखिम भरा लेकिन रणनीतिक फैसला लेते हुए अपनी टुकड़ी को सामने से दुश्मन को…
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