ऑस्ट्रेलियाई महिला क्रिकेट टीम अपने ही देश में उपेक्षित? एलिसा हीली और मेल जोन्स ने उठाए शेड्यूल पर गंभीर सवाल
ऑस्ट्रेलिया की महिला क्रिकेट टीम दुनिया की सबसे सफल टीमों में से एक मानी जाती है, लेकिन उसे अपने ही देश में वह तवज्जो नहीं मिल पा रही है जिसकी वह हकदार है। टीम की पूर्व कप्तान एलिसा हीली और पूर्व…
ऑस्ट्रेलिया की महिला क्रिकेट टीम दुनिया की सबसे सफल टीमों में से एक मानी जाती है, लेकिन उसे अपने ही देश में वह तवज्जो नहीं मिल पा रही है जिसकी वह हकदार है। टीम की पूर्व कप्तान एलिसा हीली और पूर्व क्रिकेटर मेल जोन्स ने महिला टीम के मैचों की शेड्यूलिंग को लेकर गंभीर चिंताएं जताई हैं। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के मुताबिक, यह बहस तब तेज़ हुई जब पिछले गुरुवार को ऑस्ट्रेलिया की महिला और पुरुष टीमों के मैच का समय आपस में टकरा गया।
मामला नॉर्थ सिडनी ओवल में न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाले तीसरे वनडे मैच का था। यह मैच शाम को खेला जाना था, लेकिन उसी दिन शाम 7 बजे दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पुरुष टीम का टेस्ट मैच भी शुरू होना था। हालांकि, सिडनी में बारिश के कारण महिला टीम का मैच सिर्फ 16 गेंदें फेंके जाने के बाद रद्द हो गया। इस टकराव पर एलिसा हीली ने निराशा जताते हुए कहा, "वे शाम 7:15 बजे नॉर्थ सिडनी में खेल रहे हैं और 7 बजे टेस्ट शुरू होगा। हम अपनी ही टीम से टकरा रहे हैं, जो विदेश में खेल रही है। यह बहुत निराशाजनक है। हमारी लड़कियां इतना अच्छा खेल रही हैं, लेकिन अपने ही देश में उन्हें स्पॉटलाइट नहीं मिल रही।"
प्रशंसकों और टीम दोनों के लिए मुश्किल
पूर्व क्रिकेटर मेल जोन्स ने हीली की बातों का समर्थन करते हुए कहा कि दुनिया की सर्वश्रेष्ठ टीम होने के बावजूद ऑस्ट्रेलियाई महिला टीम को सही मंच नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा, "दुनिया की सबसे अच्छी स्पोर्ट्स टीम हमारे दरवाजे पर है, लेकिन हम उसे दिखा नहीं पा रहे। उनके शानदार प्रदर्शन और उनकी कहानियों को वो जगह नहीं मिल रही, जिसकी वो हकदार हैं।" जोन्स ने यह भी बताया कि इस तरह की शेड्यूलिंग प्रशंसकों के लिए भी मुश्किल पैदा करती है।
शेड्यूल की बड़ी समस्याएँ
यह समस्या सिर्फ एक मैच तक सीमित नहीं है। वर्ल्ड कप विजेता ऑस्ट्रेलियाई महिला टीम अगले चार महीनों तक अपने देश में कोई भी अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं खेलेगी। अक्टूबर में बांग्लादेश और न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली वनडे और टी20 सीरीज़ भी सिर्फ ब्रिस्बेन और सिडनी तक ही सीमित रहेंगी। हीली ने इस पर सवाल उठाते हुए कहा, "आप तीन वनडे ब्रिस्बेन में और तीन टी20 सिडनी में खेल रहे हैं। पूरे ऑस्ट्रेलिया को उस टीम को देखने का मौका भी नहीं मिल रहा, जो अभी वर्ल्ड कप जीतकर आई है। यह सच में दुख की बात है।"
विशेषज्ञों का मानना है कि विमेंस प्रीमियर लीग, विमेंस बिग बैश लीग और आईसीसी विमेंस चैंपियंस ट्रॉफी के 2027 तक टलने से क्रिकेट कैलेंडर काफी व्यस्त हो गया है। हालांकि, जोन्स का कहना है कि इसका असर राष्ट्रीय टीम पर नहीं पड़ना चाहिए। उन्होंने कहा, "शेड्यूलिंग क्रिकेट में सबसे मुश्किल काम है...लेकिन आपको ऊपर से शुरुआत करनी होगी। आपकी दो प्रीमियर टीमें हैं - पुरुष और महिला। यह पक्का करना होगा कि ऐसे हालात दोबारा न बनें।" इस बीच, क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के प्रमुख टॉड ग्रीनबर्ग ने भविष्य में बेहतर शेड्यूलिंग का वादा किया है, जिसमें नए विकल्पों पर विचार किया जाएगा।
इनपुट: IANS


