महबूबा मुफ्ती का JKCA पर बड़ा आरोप, BCCI और जय शाह से की दखल की मांग
जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने जम्मू और कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन (JKCA) के कामकाज पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने एसोसिएशन में राजनीति, भ्रष्टाचार और क्षेत्रीय भेदभाव होने का आरोप…
जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने जम्मू और कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन (JKCA) के कामकाज पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने एसोसिएशन में राजनीति, भ्रष्टाचार और क्षेत्रीय भेदभाव होने का आरोप लगाते हुए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) और इसके अध्यक्ष जय शाह से तत्काल हस्तक्षेप करने की अपील की है।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, महबूबा मुफ्ती ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर एक पोस्ट में अपनी चिंता जाहिर की। उन्होंने लिखा, "जेकेसीए में बहुत परेशान करने वाली घटनाएं हो रही हैं। जेकेसीए को राजनीति, भ्रष्टाचार और क्षेत्रीय भेदभाव से ऊपर रहना चाहिए।"
चुनी हुई संस्था को कमजोर करने का आरोप
मुफ्ती ने अपने पोस्ट में आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई जेकेसीए को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने कहा, "हमारे अपने बीसीसीआई अध्यक्ष से बेहतर की उम्मीद थी, लेकिन यह देखना परेशान करने वाला है कि लोकतांत्रिक तरीके से चुनी गई जेकेसीए को बिना सही प्रक्रिया के कमजोर किया जा रहा है। इसके अध्यक्ष जावेद खिताबी और स्थानीय क्लबों को कथित तौर पर उनकी कश्मीरी पहचान के कारण निशाना बनाया गया और हटाया गया।"
अपने पोस्ट में उन्होंने गृह मंत्री अमित शाह को भी टैग किया और BCCI से यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया कि क्रिकेट को "जम्मू बनाम कश्मीर" का मुद्दा न बनने दिया जाए। उन्होंने आगे लिखा, "क्रिकेट को तय करने दें कि भारत का प्रतिनिधित्व कौन करेगा, पहचान को नहीं। बीसीसीआई और जय शाह से दखल देने का अनुरोध है।"
ऐतिहासिक रणजी जीत के बाद उठे सवाल
ये आरोप ऐसे समय में सामने आए हैं जब जम्मू-कश्मीर क्रिकेट टीम ने हाल ही में अपना पहला रणजी ट्रॉफी खिताब जीतकर इतिहास रचा था। टीम ने सेमीफाइनल में बंगाल और फाइनल में कर्नाटक जैसी मजबूत टीमों को हराकर यह उपलब्धि हासिल की थी, जिसकी देशभर में प्रशंसा हुई थी। इस जीत को घरेलू क्रिकेट में एक नई ताकत के उदय के रूप में देखा जा रहा था, लेकिन अब इन आरोपों ने जम्मू-कश्मीर क्रिकेट पर सवालिया निशान लगा दिया है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि बीसीसीआई इस मामले पर क्या कदम उठाती है।
इनपुट: IANS


