लंदन स्क्वैश क्लासिक: क्वार्टर फाइनल में मलेशियाई चुनौती से पार नहीं पा सकीं अनाहत सिंह
भारतीय स्क्वैश सनसनी अनाहत सिंह का लंदन स्क्वैश क्लासिक में शानदार सफर क्वार्टर फाइनल में समाप्त हो गया। शुक्रवार को हुए मुकाबले में उन्हें मलेशिया की शीर्ष खिलाड़ी और तीसरी वरीयता प्राप्त शिवसांगरी…
भारतीय स्क्वैश सनसनी अनाहत सिंह का लंदन स्क्वैश क्लासिक में शानदार सफर क्वार्टर फाइनल में समाप्त हो गया। शुक्रवार को हुए मुकाबले में उन्हें मलेशिया की शीर्ष खिलाड़ी और तीसरी वरीयता प्राप्त शिवसांगरी सुब्रमण्यम के हाथों हार का सामना करना पड़ा। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, शिवसांगरी ने अपने अनुभव का प्रदर्शन करते हुए मौजूदा वर्ल्ड जूनियर चैंपियन अनाहत पर शुरू से ही दबाव बनाए रखा।
मलेशियाई खिलाड़ी ने कोर्ट पर पूरी तरह नियंत्रण दिखाते हुए रैलियों को अपने पक्ष में रखा और महज़ 17 मिनट में सीधे गेमों में 11-4, 11-4 से मुकाबला जीत लिया। इस हार के साथ ही इस 144,000 अमेरिकी डॉलर इनामी PSA गोल्ड टूर्नामेंट में अनाहत की चुनौती समाप्त हो गई। इससे पहले, उन्होंने आठवीं वरीयता प्राप्त बेल्जियम की नेले गिलिस को हराकर अंतिम-आठ में अपनी जगह पक्की की थी।
सेमीफाइनल और आगे की राह
अपनी जीत के बाद शिवसांगरी ने स्क्वैशटीवी से कहा, "मैं आज अपने खेल से खुश हूं। अनाहत बहुत प्रतिभावान खिलाड़ी है। उसने कुछ शीर्ष खिलाड़ियों को हराया है और उनमें से ज़्यादातर को चुनौती दी है।" लंदन स्क्वैश क्लासिक की पूर्व चैंपियन शिवसांगरी का सामना अब सेमीफाइनल में मिस्र की दूसरी वरीयता प्राप्त अमीना ओरफी से होगा।
यह मुकाबला आगामी एशियाई खेलों के लिहाज़ से भी अहम माना जा रहा है। शिवसांगरी इस समय एशिया की सर्वोच्च रैंक वाली खिलाड़ी हैं और जापान में होने वाली महाद्वीपीय प्रतियोगिता में वह भारत के लिए एक बड़ी चुनौती होंगी। एशियाई खेलों में एकल स्वर्ण पदक विजेता को 2028 लॉस एंजिल्स ओलंपिक में सीधे क्वालिफिकेशन मिलेगा, जहाँ स्क्वैश पहली बार शामिल हो रहा है। एशियाई खेलों पर ध्यान केंद्रित करने से पहले अनाहत सिंह 12 सितंबर से शुरू हो रहे कतर क्लासिक में भी हिस्सा लेंगी।
इनपुट: IANS


