भारत-श्रीलंका टेस्ट सीरीज: महरूफ ने बताया क्यों मेजबान टीम से बेहतर है भारत की तैयारी
भारत और श्रीलंका के बीच 15 अगस्त से शुरू हो रही दो टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले, श्रीलंका के पूर्व तेज गेंदबाज परवेज महरूफ का मानना है कि भारतीय टीम मेजबान से कहीं बेहतर तैयारी के साथ मैदान में…
भारत और श्रीलंका के बीच 15 अगस्त से शुरू हो रही दो टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले, श्रीलंका के पूर्व तेज गेंदबाज परवेज महरूफ का मानना है कि भारतीय टीम मेजबान से कहीं बेहतर तैयारी के साथ मैदान में उतरेगी। समाचार एजेंसी IANS से बातचीत में उन्होंने कहा कि भले ही भारतीय बल्लेबाजी स्पिन के खिलाफ कमजोर दिखती है, लेकिन श्रीलंका की अपनी तैयारी में कई कमियां हैं, जिसका फायदा भारत उठा सकता है।
यह टेस्ट सीरीज दोनों टीमों के लिए वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के लिहाज से बेहद अहम है, जिसमें कुल 24 अंक दांव पर हैं। पहला मुकाबला 15 अगस्त से गाले में, जबकि दूसरा 23 अगस्त से कोलंबो में खेला जाएगा।
तैयारी में भारत को बढ़त क्यों?
महरूफ ने दोनों टीमों की तैयारियों के अंतर को रेखांकित किया। उन्होंने कहा, "मेरी चिंता यह है कि कुछ खिलाड़ियों ने वेस्टइंडीज सीरीज के बाद से कोई मैच नहीं खेला है, क्योंकि उसके तुरंत बाद लंका प्रीमियर लीग (एलपीएल) और फिर यह टेस्ट सीरीज शुरू हो गई। इसलिए, हो सकता है कि कुछ गेंदबाज वर्कलोड के मामले में पूरी तरह तैयार न हों।" उन्होंने बताया कि श्रीलंकाई टीम ने समय की कमी के चलते कोई प्रैक्टिस मैच नहीं खेला है, जबकि भारतीय टीम एक तीन-दिवसीय वार्म-अप मुकाबला खेल चुकी है, जिसे उसने 6 विकेट से जीता भी था।
भारतीय टीम मैनेजमेंट की तारीफ करते हुए महरूफ ने कहा, "अगर गाले और एसएससी में टेस्ट मैच पांचवें दिन तक जाता है, तो तैयारी के मामले में भारतीय टीम श्रीलंका से कहीं बेहतर स्थिति में है। यहीं पर बढ़त हासिल की जा सकती है।" उन्होंने कुलदीप यादव, रवींद्र जडेजा और मोहम्मद सिराज जैसे खिलाड़ियों से सजी भारतीय गेंदबाजी को भी काफी मजबूत बताया।
श्रीलंकाई गेंदबाजी में अनिश्चितता
महरूफ के अनुसार, श्रीलंका का गेंदबाजी आक्रमण काफी हद तक तेज गेंदबाज असिथा फर्नांडो और बाएं हाथ के स्पिनर प्रभात जयसूर्या पर निर्भर करेगा। उन्होंने दूसरे स्पिन विकल्प को लेकर चिंता जताते हुए कहा, "मेरी अगली चिंता दूसरे स्पिनर रमेश मेंडिस को लेकर है। उन्होंने कुछ समय से टेस्ट क्रिकेट और रेड-बॉल क्रिकेट नहीं खेला है।... बहुत सारे सवाल हैं और इनके जवाब 15 तारीख को ही मिलेंगे।"
कोच गैरी कर्स्टन का प्रभाव
भारत को 2011 वर्ल्ड कप जिताने वाले कोच गैरी कर्स्टन अब श्रीलंका के हेड कोच हैं। महरूफ का मानना है कि उनकी मौजूदगी मेजबान टीम के लिए 'गेम-चेंजर' साबित हो सकती है। उन्होंने कहा, "गैरी भारत में भी कोच रह चुके हैं। उनके रिकॉर्ड के बारे में मुझे कुछ कहने की जरूरत नहीं है। ...अपने अनुभव से वह इस टीम पर बहुत बड़ा असर डालेंगे।" रवि शास्त्री का उदाहरण देते हुए महरूफ ने कहा कि कर्स्टन की मुख्य भूमिका युवा श्रीलंकाई खिलाड़ियों में सही मानसिकता विकसित करना होगी, खासकर जब टीम में कुसल मेंडिस और पथुम निसंका जैसे खिलाड़ी चोट के कारण उपलब्ध नहीं हैं।
नमी बन सकती है चुनौती
पूर्व तेज गेंदबाज ने यह भी कहा कि WTC अंकों के लिहाज से अहम इस सीरीज में भारतीय टीम के लिए श्रीलंका की नमी एक बड़ी चुनौती हो सकती है। उन्होंने कहा, "श्रीलंका, खासकर गाले में, नमी बहुत ज्यादा हो सकती है और यह चुनौतीपूर्ण हो सकता है।" हालांकि, उन्होंने माना कि भारतीय टीम का तीन दिन का वार्म-अप मैच खेलने का फैसला उन्हें वहां के माहौल में ढलने में मदद करेगा।
इनपुट: IANS


