Commonwealth Games 2026: स्वर्ण पदक विजेता मीराबाई समेत वेटलिफ्टिंग टीम का दिल्ली में ढोल-नगाड़ों से स्वागत
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का परचम लहराने के बाद भारतीय वेटलिफ्टिंग टीम रविवार को स्वदेश लौट आई। दिल्ली के इंदिरा गांधी एयरपोर्ट पर पदक विजेताओं का भव्य स्वागत हुआ, जहाँ फैंस और समर्थक अपने चहेते…
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का परचम लहराने के बाद भारतीय वेटलिफ्टिंग टीम रविवार को स्वदेश लौट आई। दिल्ली के इंदिरा गांधी एयरपोर्ट पर पदक विजेताओं का भव्य स्वागत हुआ, जहाँ फैंस और समर्थक अपने चहेते खिलाड़ियों की एक झलक पाने के लिए घंटों से इंतज़ार कर रहे थे। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, एयरपोर्ट से बाहर आते ही मीराबाई चानू, लवप्रीत सिंह और अन्य खिलाड़ियों को माला पहनाई गई और ढोल-नगाड़ों की थाप पर उनका अभिनंदन किया गया।
लगातार तीसरे कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने वाली मीराबाई चानू ने देश के लिए पदक जीतने पर गर्व और खुशी जाहिर की। पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा, "मुझे बहुत खुशी है कि मैं देश के लिए गोल्ड मेडल जीत सकी।" मीराबाई ने 48 किलोग्राम वर्ग में कुल 190 किलो का भार उठाकर यह शानदार उपलब्धि हासिल की।
अन्य पदक विजेताओं की प्रतिक्रिया
110 प्लस कैटेगरी में सिल्वर मेडल जीतने वाले लवप्रीत सिंह ने भी अपनी खुशी साझा की। उन्होंने 'आईएएनएस' को बताया कि पिछले कॉमनवेल्थ गेम्स में कांस्य पदक जीतने के बाद इस बार मेडल का रंग बदलकर वह बेहद खुश हैं। लवप्रीत ने कुल 388 किलो वजन उठाया और वह स्वर्ण पदक से सिर्फ एक किलोग्राम पीछे रह गए। उन्होंने भारतीय नौसेना और देशवासियों का समर्थन के लिए धन्यवाद किया और उम्मीद जताई कि अगली प्रतियोगिता में वह गोल्ड मेडल जीतने की पूरी कोशिश करेंगे।
इसी तरह, 53 किलोग्राम वर्ग में देश को सिल्वर मेडल दिलाने वाली ज्ञानेश्वरी यादव और एक अन्य सिल्वर मेडलिस्ट ऋषिकांत सिंह ने भी पदक के साथ भारत लौटने पर प्रसन्नता व्यक्त की। ज्ञानेश्वरी ने कहा कि उनका परिवार बड़ी उत्सुकता से उनका इंतजार कर रहा है और वह 2030 में भारत में होने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स में देश के लिए स्वर्ण पदक जीतने का प्रयास करेंगी।
इनपुट: IANS


