Commonwealth Games 2026: भारतीय दल का ऐतिहासिक प्रदर्शन, केंद्रीय मंत्रियों ने की जमकर सराहना
ग्लासगो में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय दल ने कुल 39 पदक जीतकर चौथा स्थान हासिल किया है, जिसमें 13 स्वर्ण पदक भी शामिल हैं। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, भारत के इस शानदार प्रदर्शन की…
ग्लासगो में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय दल ने कुल 39 पदक जीतकर चौथा स्थान हासिल किया है, जिसमें 13 स्वर्ण पदक भी शामिल हैं। समाचार एजेंसी IANS के मुताबिक, भारत के इस शानदार प्रदर्शन की केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने जमकर तारीफ की है और इसे देश की बढ़ती खेल क्षमता का प्रतीक बताया है।
दिलचस्प बात यह है कि इस बार के खेलों का आयोजन सीमित स्तर पर हुआ था और इसमें वे कई स्पर्धाएं शामिल नहीं थीं जिनमें भारत पारंपरिक रूप से मजबूत माना जाता रहा है। इसके बावजूद, टीम इंडिया ने बर्मिंघम 2022 के मुकाबले समान खेलों में 30 की तुलना में 39 पदक जीते।
खेल मंत्री ने बताया भविष्य का रोडमैप
केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय खेलों की बढ़ती क्षमता और मजबूती साफ तौर पर दिखाई दे रही है।" उन्होंने टीम को बधाई देते हुए कहा, "हमें हर उस एथलीट, कोच और सपोर्ट स्टाफ पर गर्व है जिन्होंने तिरंगे के सम्मान के लिए अपना सब कुछ झोंक दिया।" मांडविया ने 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी की तैयारी का जिक्र करते हुए भारत को इसके इतिहास के सबसे बेहतरीन आयोजनों में से एक पेश करने के लिए प्रतिबद्ध बताया।
रक्षा मंत्री ने की रिकॉर्डतोड़ प्रदर्शन की सराहना
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी 'एक्स' पर पोस्ट कर भारतीय दल की उपलब्धियों को सराहा। उन्होंने लिखा, "कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 को भारत की खेल यात्रा में एक यादगार अध्याय के तौर पर याद किया जाएगा, जिसमें ऐतिहासिक उपलब्धियां, रिकॉर्ड तोड़ने वाले प्रदर्शन और चैंपियंस की एक नई पीढ़ी का उदय शामिल है।" उन्होंने बॉक्सिंग में भारत के दबदबे का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि भारत मेडल टेबल में शीर्ष पर रहा और किसी भी देश ने एक ही संस्करण में बॉक्सिंग में इतने गोल्ड मेडल नहीं जीते हैं।
एथलेटिक्स और पैरा-स्पोर्ट्स में नई ऊंचाइयां
राजनाथ सिंह ने बताया कि एथलेटिक्स ने भी नई ऊंचाइयां छुईं, जहाँ भारत ने देश से बाहर आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स में अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन किया। इसमें पुरुषों की 5000 मीटर और 10000 मीटर दौड़ में भारत के पहले मेडल, पहला डेकाथलॉन मेडल और ऐतिहासिक जूडो गोल्ड जैसी कई उपलब्धियां शामिल हैं।
उन्होंने पैरा-एथलीटों के यादगार प्रदर्शन की भी तारीफ की। भारत ने पुरुषों के शॉट पुट एफ57 इवेंट में अपना पहला कॉमनवेल्थ गेम्स गोल्ड जीता और इसी कैटेगरी में पहला डबल पोडियम फिनिश भी हासिल किया, जो भारतीय पैरा-स्पोर्ट की बढ़ती ताकत को दर्शाता है।
इनपुट: IANS


