विश्व कुश्ती चैंपियनशिप: काजल और नीलम फाइनल में, भारत ने रचा नया इतिहास
भारतीय महिला कुश्ती के लिए एक ऐतिहासिक दिन में, काजल ढोचक और नीलम सिरोही ने अस्ताना में चल रही विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। यह पहला मौका है जब एक ही टूर्नामेंट में भारत की…
भारतीय महिला कुश्ती के लिए एक ऐतिहासिक दिन में, काजल ढोचक और नीलम सिरोही ने अस्ताना में चल रही विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। यह पहला मौका है जब एक ही टूर्नामेंट में भारत की दो महिला पहलवान स्वर्ण पदक के लिए मुकाबला करेंगी। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस उपलब्धि के साथ इन दोनों पहलवानों के पास अपना पहला विश्व खिताब जीतकर इस दिन को और भी यादगार बनाने का मौका है।
साल 2021 में अंशु मलिक विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनी थीं, जहाँ उन्होंने रजत पदक जीता था। अब काजल और नीलम उस विरासत को आगे बढ़ा रही हैं। 76 किग्रा वर्ग के खिताबी मुकाबले में काजल का सामना यूक्रेन की अनास्तासिया अल्पियेवा से होगा, जबकि 50 किग्रा वर्ग के फाइनल में नीलम जापानी पहलवान युई सुसाकी को चुनौती देंगी।
फाइनल तक का शानदार सफर
काजल (76 किग्रा): मात्र 18 साल की काजल, जो दो अंडर-20 विश्व खिताब जीत चुकी हैं, अपनी पहली सीनियर विश्व चैंपियनशिप में ही चमक गईं। उन्होंने सेमीफाइनल में एक यादगार वापसी की। किर्गिस्तान की आइपेरी मेडेट किजी के खिलाफ 1-7 से पिछड़ने के बाद भी उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और मुकाबला 10-7 से अपने नाम किया। इससे पहले उन्होंने लिथुआनिया की कामिले ग्रिस्किने गौकाइट और मंगोलिया की दावानसन एनख अमर को हराया था।
नीलम (50 किग्रा): 26 वर्षीय नीलम ने भी दमदार प्रदर्शन किया। उन्होंने सेमीफाइनल में कजाकिस्तान की जेनेप बायानोवा को 7-3 से हराकर खिताबी मुकाबले में प्रवेश किया। इससे पहले उन्होंने बेलारूस की नतालिया वाराकिना को 6-0 से हराया था। क्वार्टर फाइनल में उन्हें रूस की एलिजावेता स्मिरनोवा के चोटिल होने के कारण वॉकओवर मिला था।
अन्य भारतीय पहलवानों का प्रदर्शन
इस बीच, 65 किग्रा वर्ग में रजनीता कांस्य पदक की दौड़ में बनी हुई हैं। रेपेचेज राउंड में उनका मुकाबला जापान की नाना इकेहाता से होगा। अपने अभियान में उन्होंने 2024 की विश्व रजत पदक विजेता कैटरीना जेलेनिख को 8-6 से हराया था, लेकिन बाद में उन्हें मोल्दोवा की इरिना रिंगासी से हार का सामना करना पड़ा। वहीं, नेहा शर्मा 57 किग्रा वर्ग के राउंड ऑफ 16 से बाहर हो गईं और भारत का ग्रीको-रोमन अभियान बिना किसी पदक के समाप्त हो गया।
इनपुट: IANS


