इटली का यह छोटा सा गांव क्यों है लंबी उम्र का खजाना? महिलाएं जी रहीं 100 साल
अगर आप लंबी और स्वस्थ ज़िंदगी का राज़ जानना चाहते हैं, तो शायद जवाब इटली के सार्डिनिया द्वीप के एक छोटे से पहाड़ी गांव बोलोटाना में छिपा हो। यहां की महिलाएं असाधारण रूप से लंबी उम्र जी रही हैं। एक नए…
अगर आप लंबी और स्वस्थ ज़िंदगी का राज़ जानना चाहते हैं, तो शायद जवाब इटली के सार्डिनिया द्वीप के एक छोटे से पहाड़ी गांव बोलोटाना में छिपा हो। यहां की महिलाएं असाधारण रूप से लंबी उम्र जी रही हैं। एक नए अध्ययन ने इस गांव को दुनिया भर में सुर्खियों में ला दिया है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इस गांव में 70 साल की उम्र तक पहुंचने वाली 13.8 प्रतिशत महिलाएं 100 साल का पड़ाव भी पार कर लेती हैं। यह आंकड़ा पूरी दुनिया में हांगकांग के बाद दूसरा सबसे ऊंचा है।
यह अध्ययन 5 अक्टूबर को 'फ्रंटियर्स इन एजिंग' नामक जर्नल में प्रकाशित हुआ था। शोधकर्ताओं ने बोलोटाना के नागरिक और चर्च रिकॉर्ड से मिले 2021 से 2025 तक के आंकड़ों का विश्लेषण किया। उन्होंने पाया कि 70 साल की उम्र के बाद भी यहां की महिलाओं की औसत जीवन प्रत्याशा लगभग 20.85 वर्ष है, जो इटली के राष्ट्रीय औसत 18.06 वर्ष से काफी ज़्यादा है।
लंबी उम्र का 'ब्लू ज़ोन'
सार्डिनिया को पहले से ही दुनिया के उन चुनिंदा 'ब्लू ज़ोन' में गिना जाता है, जहां के लोग सबसे लंबी उम्र जीते हैं। हालांकि, पहले यहां पुरुषों की लंबी आयु चर्चा में थी, लेकिन बोलोटाना ने महिलाओं की असाधारण दीर्घायु से एक नई मिसाल कायम की है। करीब 2,266 की आबादी वाले इस गांव में 2025 तक 12 लोग 100 वर्ष या उससे अधिक उम्र के थे। इनमें से छह अब जीवित हैं और वे सभी महिलाएं हैं।
गांव के मेयर फ्रांसेस्को मैनकोनी इसके पीछे कई वजहें बताते हैं। उनका मानना है कि ताज़ा और स्थानीय भोजन, प्राकृतिक वातावरण और रोजमर्रा की शारीरिक गतिविधियां इसकी मुख्य वजह हो सकती हैं। पहाड़ी इलाका होने के कारण यहां के बुजुर्गों के लिए पैदल चलना जीवन का एक सामान्य हिस्सा है।
परिवार और समाज की अहम भूमिका
अध्ययन में एक और दिलचस्प बात सामने आई है। बोलोटाना में लोगों के बीच सामाजिक रिश्ते बेहद मज़बूत हैं और बहु-पीढ़ी वाले परिवारों का ढांचा आज भी कायम है। कई परिवारों में बड़े-बुजुर्ग अपने बच्चों और नाती-पोतों के साथ रहते हैं, जिससे उन्हें भावनात्मक सहारा मिलता है।
हालांकि, शोधकर्ताओं का कहना है कि बोलोटाना को आधिकारिक तौर पर 'ब्लू ज़ोन' कहना अभी जल्दबाज़ी होगी और इस पर अभी और अध्ययन की ज़रूरत है। लेकिन यह साफ है कि इस छोटे से गांव ने दुनिया को लंबी और खुशहाल ज़िंदगी जीने के लिए कुछ अहम सबक ज़रूर दिए हैं।
इनपुट: IANS


